
राजस्थान बोर्ड नेम करेक्शन के लिए कौन-कौन से दस्तावेज जरूरी होते हैं? पूरी सूची और आवेदन प्रक्रिया
राजस्थान बोर्ड नेम करेक्शन के लिए कौन-कौन से दस्तावेज जरूरी होते हैं – अगर आपको राजस्थान बोर्ड में नाम चेंज करना है तो गजट पत्रिका प्रकाशित करनी होगी। राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड से पास किए गए छात्रों को कई बार अपनी मार्कशीट या सर्टिफिकेट में नाम गलती को ठीक करने की जरूरत पड़ती है। चाहे टाइपिंग एरर हो या स्पेलिंग मिस्टेक हो या फिर पूरा नाम ही गलत छप गया हो ऐसी स्थिति में बोर्ड में आवेदन करते समय कुछ जरूरी दस्तावेज को जमा करना होता है। आज इस लेख में हम आपको बताएंगे कि राजस्थान बोर्ड में नाम सुधार के लिए कौन-कौन से दस्तावेजों की जरूरत पड़ती है और आप इन सभी दस्तावेजों को कैसे तैयार कर सकते हैं।
राजस्थान बोर्ड नेम करेक्शन के लिए कौन-कौन से दस्तावेज जरूरी होते हैं – Overview
| दस्तावेज़ का नाम | उपयोग/महत्व | ज़रूरी या वैकल्पिक |
|---|---|---|
| पुराना प्रमाण पत्र (10वीं/12वीं) | पहचान और पुराने नाम के प्रमाण हेतु | ज़रूरी |
| सही नाम वाला प्रमाण (आधार/पैन आदि) | सही नाम का समर्थन करने हेतु | ज़रूरी |
| गजट नोटिफिकेशन/नाम बदलने का प्रमाण | नाम में बदलाव की पुष्टि के लिए | वैकल्पिक (नाम बदला हो तब) |
| शपथ पत्र (Affidavit) | नाम सुधार का कानूनी समर्थन | ज़रूरी |
| जन्म प्रमाण पत्र / स्कूल रिकॉर्ड | सहायक दस्तावेज़ के तौर पर | वैकल्पिक |
| आवेदन पत्र (बोर्ड द्वारा निर्धारित) | औपचारिक प्रक्रिया के लिए | ज़रूरी |
Also Read
- दूसरी शादी के बाद आधार कार्ड में पति का नाम कैसे बदले – New Guide 2025
- आधार कार्ड में टाइपिंग मिस्टेक से नाम गलत हो गया? ऐसे में घर बैठे सुधार कैसे करें
नाम सुधार की जरूरत क्यों पड़ती है
राजस्थान बोर्ड में नाम सुधार की जरूरत क्यों पड़ती है इसकी जानकारी को नीचे सूचित किया गया है –
- मार्कशीट में टाइपिंग एरर गया स्पेलिंग मिस्टेक होने के बाद नाम चेंज करने की जरूरत पड़ती है।
- पूरा नाम गलत छप जाने के कारण नाम चेंज करने की जरूरत पड़ती है।
- इंग्लिश नाम और हिंदी नाम में अंतर होने के बाद नाम चेंज करना जरूरी हो जाता है।
- जन्म प्रमाण पत्र स्कूल रिकॉर्ड और अन्य दस्तावेज में अगर आपका नाम मैच नहीं करता है तो नाम चेंज करना जरूरी है।
राजस्थान बोर्ड सर्टिफिकेट में कब नाम चेंज कर सकते हैं
राजस्थान बोर्ड सर्टिफिकेट में कुछ स्थिति में नाम चेंज किया जा सकता है जिसकी सूची नीचे दी गई है –
- आप शादी के बाद नाम चेंज कर सकते हैं।
- तलाक के बाद अगर अपने पति का नाम अपने नाम से हटाना चाहते हैं तो नाम चेंज के लिए आवेदन कर सकते हैं।
- धर्म परिवर्तन या लिंग परिवर्तन करवाने की स्थिति में भी नाम चेंज कर सकते हैं।
- इसके अलावा आप अपनी सुविधा के अनुसार कभी भी नाम चेंज कर सकते हैं।
राजस्थान बोर्ड में नाम चेंज के लिए सबसे जरूरी दस्तावेज – पुरानी मार्कशीट
अगर आपको अपने राजस्थान बोर्ड के किसी भी सर्टिफिकेट में नाम चेंज करना है तो कुछ सबसे जरूरी दस्तावेज की सूची नीचे दी गई है –
- नाम चेंज के लिए आपको अपना पुराना सर्टिफिकेट और मार्कशीट जमा करना होगा।
- आप अपनी मार्कशीट और सर्टिफिकेट को जब जमा करेंगे तो उसमें गलती को दर्शन होगा इसके लिए एक लेटर लिखकर अपने दस्तावेज के साथ अटैच करना होगा।
- बिना गलती को दिखाएं आप नाम सुधार नहीं करवा सकते हैं इसके अलावा आपको अपने सभी दस्तावेजों की फोटो कॉपी को जमा करना होगा लेकिन मार्कशीट का ओरिजिनल देना पड़ेगा।
राजस्थान बोर्ड में नाम चेंज के लिए पहचान पत्र वाले दस्तावेज
आपको राजस्थान बोर्ड में नाम चेंज करने के दौरान ऐसे दस्तावेज को जमा करना होगा जो आपका पहचान पत्र हो और उससे आपका एड्रेस भी प्रूफ होना चाहिए जिसकी एक सूची दी गई है –
- आधार कार्ड
- पैन कार्ड
- वोटर आईडी
- ड्राइविंग लाइसेंस
- बिजली बिल
- रेंट एग्रीमेंट
- बैंक पासबुक
इसके अलावा कुछ अन्य दस्तावेज की जरूरत पड़ सकती है
- नाम परिवर्तन का एफिडेविट
- नाम परिवर्तन का विज्ञापन
- जन्म प्रमाण पत्र
- मूल निवास प्रमाण पत्र
- शादी के बाद नाम चेंज कर रहे हैं तो विवाह सर्टिफिकेट
- तलाक के बाद कर रहे हैं तो डाइवोर्स सर्टिफिकेट
- स्कूल के तरफ से मोहर लगा हुआ आवेदन पत्र या फॉर्म
एफिडेविट कब और कैसे बनवाना चाहिए
नाम परिवर्तन के लिए आपको नाम चेंज का एक एफिडेविट बनवाना होगा। इसके लिए आपको किसी स्थानीय कोटिया नोटरी में जाकर किसी वकील की मदद लेनी होगी। किसी वकील की मदद से आप एक दिन के अंदर अपना एफिडेविट बनवा सकते हैं इसमें आपको नाम चेंज का कारण बताना होगा और वकील को कुछ फीस देनी होगी। यह बहुत ही आसानी से एक दिन के अंदर बहुत ही कम पैसे में तैयार हो जाता है।
एफिडेविट एक बहुत ही जरूरी दस्तावेज है क्योंकि इसके जरिए नाम चेंज की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जाता है। यह कोर्ट की तरफ से जारी होता है और सरकार के सभी दस्तावेज में नाम चेंज करने का परमिशन देता है। इस वजह से इसे गजट ऑफिस में जमा करना होता है जिसके बाद आपका नया नाम गजट पत्रिका में प्रकाशित होता है और सरकार के अंतर्गत आने वाले दस्तावेज में नाम चेंज करने के लिए आप तैयार हो जाते हैं।
राजस्थान बोर्ड में नाम चेंज करने के लिए गजट नोटिफिकेशन कब अनिवार्य है
राजस्थान बोर्ड के मार्कशीट में नाम चेंज करने के लिए गजट नोटिफिकेशन बहुत जरूरी है इसकी जानकारी नीचे दी गई है –
- अगर आपका नाम में कोई बहुत छोटी-मोटी गलती हुई है जैसी एक अक्षर अगर गलत हो गया है और आपके पास अन्य दस्तावेज में सही नाम लिखा हुआ है तब बजट की जरूरत नहीं है।
- लेकिन अगर आपको अपना पूरा नाम बदलना है या फिर पूरा सरनेम बदलने है तो ऐसी स्थिति में गजट की जरूरत होती है।
- आमतौर पर विवाह के बाद या तलाक के बाद गजट पत्रिका के जरिए ही नाम चेंज होता है।
- धर्म परिवर्तन के बाद गजट पत्रिका के जरिए ही नाम चेंज कर सकते हैं।
- अगर आपको अपने दस्तावेज में नाम चेंज करने का आदेश कोर्ट की तरफ से मिला है तो ऐसे में भी गजट पत्रिका प्रकाशित करना अनिवार्य है।
राजस्थान बोर्ड में नाम चेंज कैसे करें
अगर आपको राजस्थान बोर्ड में नाम चेंज करना है तो आपको नीचे बताए गए निर्देशों का पालन करना होगा –
- सबसे पहले आपको नाम परिवर्तन का एफिडेविट जारी करना होगा और इसके लिए आपको किसी वकील से संपर्क करना चाहिए।
- इसके बाद आपको नाम चेंज का विज्ञापन जारी करना होगा जो किसी स्थानीय भाषा के अखबार और अंग्रेजी भाषा के अखबार में प्रकाशित किया जाए।
- इसके बाद आपको एक आवेदन पत्र गजट ऑफिस में जमा करना होगा और ऊपर बताएं सभी जरूरी दस्तावेज के फोटो को सीडी में इकट्ठा करके जमा करना होगा।
- इसके बाद आपको आधिकारिक वेबसाइट से गजट पत्रिका को डाउनलोड करना है और राजस्थान बोर्ड ऑफिस में जमा करना है।
- इस दौरान आपको राजस्थान बोर्ड ऑफिस में अपना आवेदन पत्र जमा करना होगा और फीस भी जमा करना होगा।
- इसके बाद कुछ दिनों का इंतजार करना होगा अधिकतम 2 से 3 महीने का और आपके स्कूल या कॉलेज में आपका नया सर्टिफिकेट भेज दिया जाएगा।
अगर राजस्थान बोर्ड में नाम चेंज करने के दौरान कोई गड़बड़ी हो तो क्या करें
अगर किसी दस्तावेज़ में किसी प्रकार की गड़बड़ी हो जाती है तो आपको तुरंत क्या करना चाहिए इसके निर्देश दिए गए हैं –
- तुरंत सही डॉक्यूमेंट बनवाकर अपने आवेदन के साथ जोड़कर जमा करना होगा।
- एफिडेविट के माध्यम से अपने गड़बड़ी को स्पष्ट करना होगा इसके लिए दोबारा वकील से संपर्क कर सकते हैं।
- आवेदन की स्थिति जानने के लिए आपको राजस्थान बोर्ड से संपर्क करना होगा।
- अगर आपको नाम चेंज के दौरान किसी प्रकार की परेशानी होती है तो आपको तुरंत किसी कानूनी सलाहकार जैसे हम से संपर्क करना चाहिए।
निष्कर्ष
आज इस लेख में हमने आपको बताया कि राजस्थान बोर्ड में नाम सुधार करवाना कितनी जटिल प्रक्रिया है। अगर आपके पास सभी आवश्यक दस्तावेज हैं और आप नीचे बताए गए नियमों का पालन करते हैं तो आसानी से नाम चेंज हो सकता है। याद रखें दस्तावेज की शुद्धता और एफिडेविट की वैधता बोर्ड की स्वीकृति के लिए सबसे बड़ा आधार होती है।
Written by
Abhisheak Kumar
Content Author at YourDoorStep
मेरा नाम अभिषेक सिंह है। मैंने फिजिक्स में बी.एससी (ऑनर्स) किया है और पिछले कई सालों से "Yourdoorstep" के लिए कंटेंट लिख रहा हूँ। मैं इस प्लेटफॉर्म पर लोगों को अलग-अलग दस्तावेज़ बनवाने और उनके सवालों का सही जवाब देने में मदद करता हूँ। मेरा लक्ष्य है कि आसान हिंदी भाषा में सारी जानकारी देकर लोगों का काम आसान बनाया जाए। मैं अनुभव के साथ सटीक और उपयोगी जानकारी देने पर ध्यान देता हूँ ताकि मेरे कंटेंट से हर पाठक को मदद मिले।
